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Secrets of Airlines: हवाई जहाज लैंड करने से पहले एयर होस्टेस क्यों बंद कर देती हैं लाइट? रहस्य जान कर घूम जाएगा सिर

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वॉशिंगटन: हवाई जहाज में यात्री अपनी यात्रा का आनंद लेते हैं। हवाई जहाज में यात्रियों को कोई तकलीफ न हो और हर तरह की मदद के लिए फ्लाइट अटेंडेंट या एयर होस्टेस होती हैं। फ्लाइट के क्रू मेंबर को उनकी ट्रेनिंग के दौरान कई सारी चीजें सिखाई जाती हैं जो यात्रियों को आम तौर पर नहीं पता होती हैं। विमान में होने वाली कई चीजों के पीछे एक साइंस होती है, जो सिर्फ फ्लाइट के क्रू को ही पता होता है। ऐसी ही चीजों के बारे में इंस्टाग्राम पर एयर होस्टेस सिएरा मिस्ट जानकारी देती रहती है। अब एक नए वीडियो में उन्होंने कई जानकारी दी है।

सिएरा ने नए वीडियो में बताया है कि रात में जब भी फ्लाइट उड़ान भरती या लैंड करती हैं तो केबिन की लाइट को एक दम डिम कर दिया जाता है। इसके पीछे का सबसे बड़ा कारण उन्होंने इमरजेंसी क्रैश बताया। उन्होंने बताया है कि कई बार विमान को उड़ान भरने या लैंडिंग के दौरान इमरजेंसी का सामना करना पड़ सकता है। अगर अंदर लाइट जलेगी और बाहर पूरी तरह अंधेरा होगा तो आंखों को उस हिसाब से सेट होने में समय लगेगा। क्योंकि इमरजेंसी के दौरान विमान को तुरंत खाली करना होता है ऐसे में अंधेरे में होने के कारण आंखें पहले से ही बाहर के लिए सेट रहेंगी।


ट्रे टेबल को किया जाता है फोल्ड
हवाई जहाज में सभी की सीटों के सामने ट्रे टेबल लगा होता है। इस पर खाना, स्नैक सर्व किया जाता है। लेकिन लैंडिंग या टेकऑफ के दौरान उन्हें फोल्ड करने को कहा जाता है। इसका कारण बताते हुए सिएरा कहती है कि अगर इमरजेंसी क्रैश होता है तो विमान को 60-90 सेकंड में खाली करना होता है। अगर ट्रे खुली रहेगी तो हो सकता है कि उसमें फंस कर कोई दूसरा यात्री पर्याप्त समय में सीट से बाहर न आ सके और दुर्घटना का शिकार हो जाए।
Secrets of Airlines: एयरहोस्टेस कभी नहीं पीतीं हवाई जहाज के अंदर की कॉफी, सच्चाई जान कर आप पानी से भी कर लेंगे तौबा
कॉफी न पीने का भी बताया था कारण
इससे पहले भी सिएरा ने बताया था कि फ्लाइट अटेंडेंट का पूरा प्रयास रहता है कि वह हवाई जहाज के अंदर बनने वाली कॉफी न पीयें। इसके पीछे उन्होंने हवाई जहाज के पानी को कारण बताया था। उनका कहना था कि हवाई जहाज के पानी टैंक की सफाई ज्यादा नहीं की जाती है।





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यूक्रेन पर आखिरी वार परमाणु हमला! पुतिन के इस बयान ने फिर मचाई खलबली

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Image Source : PTI
व्लादिमिर पुतिन, रूसी राष्ट्रपति

Russia_Ukraine War & Nuclear Attack: रूस-यूक्रेन के बीच 10 महीने से चल रहे भीषण युद्ध का आखिरी वॉर क्या परमाणु युद्ध ही है, आखिर क्यों यह युद्ध लंबा ही खिंचता जा रहा है। कभी रूस यूक्रेन पर भारी तो कभी यूक्रेन रूस पर। मगर अब तक इस युद्ध का कोई भी नतीजा नहीं निकल सका है। इस युद्ध के चलते यूरोप समेत सभी पश्चिमी देशों और साउथ ईस्ट एशिया के देशों की भी आर्थिक स्थिति खस्ता होती जा रही है। पूरी दुनिया में महंगाई की मार से हाहाकार मचने लगा है। खाद्य और ऊर्जा का भारी संकट है। इसीलिए अब पश्चिमी देश भी चाहते हैं कि युद्ध को किसी तरह से रोका जाए। अब अमेरिका भी पुतिन से युद्ध रोकने की अपील कर रहा है, मगर पुतिन मानने को तैयार नहीं हैं। 

इसी बीच एक बार फिर यूक्रेन पर परमाणु हमले की आशंका ने दुनिया में खलबली मचा दी है। इसका संकेत स्वयं रूसी राष्ट्रपति पुतिन ने दिया है। राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने कहा है कि परमाणु युद्ध का खतरा बढ़ रहा है। इससे अंदाजा लगाया जा सकता है कि उनके मन में क्या चल रहा है। हालांकि पुतिन अभी इसे आखिरी शस्त्र के रूप में इस्तेमाल करने का संकेत दे रहे हैं। क्योंकि उन्होंने जोर देकर कहा कि परमाणु युद्ध का खतरा तो बढ़ा है, मगर मॉस्को ‘पागल’ नहीं है, वह पहले परमाणु हथियारों का इस्तेमाल नहीं करेगा। रिपोर्ट के अनुसार, रूस की वार्षिक मानवाधिकार परिषद की बैठक में पुतिन ने कहा कि यूक्रेन में युद्ध एक लंबी प्रक्रिया हो सकती है।

रूस के पास हैं सबसे अधिक परमाणु हथियार


मॉस्को से वीडियो लिंक के जरिए परमाणु युद्ध की संभावना पर बात करते हुए पुतिन ने चेताया, “ऐसा खतरा बढ़ रहा है, इसे छिपाना गलत होगा।”लेकिन उन्होंने जोर देकर कहा कि रूस किसी भी परिस्थिति में हथियारों का पहले इस्तेमाल नहीं करेगा और अपने परमाणु शस्त्रागार से किसी को भी धमकी नहीं देगा। रिपोर्ट के अनुसार, राष्ट्रपति ने यह भी कहा कि रूस के पास दुनिया में सबसे आधुनिक और उन्नत परमाणु हथियार हैं और उन्होंने अपनी परमाणु रणनीति की तुलना अमेरिका से की, जिसके बारे में उन्होंने कहा कि वह अन्य क्षेत्रों पर अपने परमाणु हथियारों का पता लगाकर रूस से आगे निकल गया था। हमारे पास अन्य देशों के क्षेत्र में सामरिक सहित परमाणु हथियार नहीं हैं, लेकिन अमेरिकियों के पास तुर्की और कई अन्य यूरोपीय देशों में हैं, उन्होंने कहा। पुतिन ने पहले जोर देकर कहा था कि रूस के परमाणु सिद्धांत में केवल परमाणु हथियारों के रक्षात्मक उपयोग की अनुमति है।

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World Oldest Narrative Carving: तुर्की में मिली दुनिया की सबसे पुरानी कथा नक्काशी, तेंदुओं से घिरा इंसान लिंग पकड़े नजर आया

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तुर्की में 11000 साल पुरानी कथा नक्काशी की खोज की गई है। इसे इंसानों की सबसे पहले बनी बस्तियों में से एक इमारत के अंदर पाया गया है। इन नक्काशियों को इमारत की दीवार से लगे बेंचो पर बनाया गया था। इसमें दो इंसानों, तेंदुओं और बैलों को दिखाया गया है।

 



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Malaria Deaths: कोरोना में दो साल उलझी रही दुनिया और मलेरिया से मर गए 63000 लोग, WHO ने किया खुलासा

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जिनेवा: विश्व स्वास्थ्य संगठन की गुरुवार को प्रकाशित एक रिपोर्ट के अनुसार कोरोना वायरस महामारी ने मलेरिया को नियंत्रित करने के प्रयासों को बाधित किया, जिसके परिणामस्वरूप दो वर्षों में मलेरिया से वैश्विक स्तर पर 63,000 अतिरिक्त मौतें और 1.3 करोड़ अधिक लोग संक्रमित हुए। संयुक्त राष्ट्र की स्वास्थ्य एजेंसी ने बृहस्पतिवार को कहा कि बीमारी के मामले 2020 में बढ़े और 2021 में धीमी गति से बढ़ते रहे। पिछले साल दुनिया के 24.7 करोड़ मलेरिया संक्रमणों और 619,000 मौत के मामलों में से लगभग 95 प्रतिशत अफ्रीका से थे।

महामारी ने हालात को बदतर बना दिया
डब्ल्यूएचओ के मलेरिया विभाग के एक वरिष्ठ अधिकारी अब्दिसलन नूर ने कहा कि महामारी से पहले से हम पटरी पर नहीं थे और महामारी ने अब हालात को और बदतर बना दिया है। लिवरपूल स्कूल ऑफ ट्रॉपिकल मेडिसिन में जैविक विज्ञान के डीन एलिस्टर क्रेग ने कहा कि मलेरिया से होने वाली मौतों को कम करने में प्रगति कोविड-19 से पहले ही रुक गई थी।

मलेरिया रोधी टीके कम कर सकते हैं मौत का आंकड़ा
नूर ने कहा कि उन्हें उम्मीद है कि अगले साल दुनिया के पहले अधिकृत मलेरिया रोधी टीके के व्यापक टीकाकरण के आरंभ से अगर पर्याप्त संख्या में बच्चों का टीकाकरण किया जाता है तो इससे गंभीर बीमारियों और मौतों की संख्या को कम करने में ‘‘काफी मदद’’ मिलेगी। उन्होंने कहा कि 20 से अधिक देशों ने टीकों के लिए आवेदन किया है। टीका केवल लगभग 30 प्रतिशत प्रभावी है और इसके लिए चार खुराक की आवश्यकता होती है।



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