Connect with us

TRENDING

आरोपी से पूछताछ के दौरान थर्ड डिग्री का इस्तेमाल न करे पुलिस- साकेत कोर्ट

Published

on


Image Source : FILE
श्रद्धा मर्डर केस

दिल्ली के महरौली में श्रद्धा हत्याकांड के बाद पूरा देश दहशत में है। मृतका के पिता, दोस्त समेत तमाम लोग आरोपी को फांसी की सजा देने की मांग कर रहे हैं। दिल्ली पुलिस भी अपराध से जुड़े सभी सबूत और तथ्यों को इकठ्ठा कर रही है, जिससे कोर्ट के सामने सुनवाई के दौरान कोई भी तथ्य छुट न जाए और मामले में आरोपी को फायदा हो सके। 

आरोपी बार-बार बदल रहा अपना बयान 

हालांकि आरोपी आफताब ने अपना जुर्म कुबूल कर लिया है, लेकिन वह बार-बार अपना बयान बदल रहा है। कभी वह बता रहा है कि उसने श्रद्धा के 35 टुकड़े किये टॉप कभी कह रहा है कि उसने 15-20 टुकड़े ही किए हैं। पुलिस ने भी महरौली के जंगलों से हड्डियों के कुछ टुकड़े बरामद किये हैं लेकिन अभी इसकी पुष्टि होना बकाया है कि यह हड्डियां श्रद्धा की ही हैं। इसके लिए पुलिस उनकी DNA जांच करा रही है। 

5 दिन के अंदर आरोपी का कराया जाए नार्को टेस्ट 

इसी मामले में सुनवाई करते हुए दिल्ली की साकेत कोर्ट ने रोहिणी फॉरेंसिक साइंस लैब को 5 दिन के अंदर आरोपी का नार्को टेस्ट करने का आदेश दिया है। दरअसल जब किसी आरोपी का नारको टेस्ट करवाया जाता है तब उसकी रजामंदी भी जरूरी होती है अदालत में जब आफताब से पूछा गया कि वह नार्को टेस्ट करवाने के लिए तैयार है? तब उसका जवाब था ‘I give my consent’

पूछताछ के दौरान थर्ड डिग्री का इस्तेमाल न करे पुलिस 

इस दौरान अदालत ने यह भी आदेश दिए हैं कि, आरोपी आफताब से पूछताछ के दौरान थर्ड डिग्री का इस्तेमाल ना किया जाए। दरअसल ऐसे मामलों में कई बार देखने में आया है कि पुलिस आरोपी से पूछताछ के दौरान थर्ड डिग्री का इस्तेमाल करती है। जिससे आरोपी को कई बार गंभीर चोटें आ जाती हैं और कई मामलों में तो मौत भी हो जाती है। इन सब स्थितियों से बचने के लिए साकेत कोर्ट ने दिल्ली पुलिस को थर्ड डिग्री इस्तेमाल न करने की सलाह दी है। 





Source link

Continue Reading
Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

TRENDING

उत्तर प्रदेश के बदायूं में पुलिस से भिड़ी भीड़,पथराव किया गया

Published

on

By


यूपी के बदायूं में पुलिस और भीड़ के बीच संघर्ष हुआ.

लखनऊ:

उत्तर प्रदेश के बदायूं जिले के ककराला कस्बे में शुक्रवार को स्थानीय लोगों के एक गुट की पुलिस से झड़प हो गई और पुलिस पर पथराव किया गया. पुलिस ने कहा कि एक व्यक्ति ने भीड़ को इकट्ठा किया क्योंकि वह रुटीन चेकिंग के लिए रोके जाने से नाराज था.जिला पुलिस प्रमुख ओपी सिंह ने कहा कि दो लोगों को गिरफ्तार किया गया है और बाकी की वीडियो फुटेज के जरिए तलाश की जा रही है.

यह भी पढ़ें

पता चला है कि रात तक इलाके की सड़कें सुनसान थीं और कई लोग पुलिस की कार्रवाई के डर से अपने घरों को बंद करके चले गए थे.

पुलिस प्रमुख ने कहा कि, “पुलिस की एक टीम पैदल गश्त के लिए इलाके में थी. नियमित चेकिंग चल रही थी. तब एक व्यक्ति ने अपने वाहन की जांच करने पर आपत्ति जताई. बाद में वह अपने परिवार के पुरुषों और महिलाओं के साथ लौटा और विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया. जब उन्होंने ट्रैफिक जाम कर दिया तो पुलिस ने उनसे ऐसा नहीं करने के लिए कहा. इसके बाद कई लोगों ने पथराव शुरू कर दिया.”

उन्होंने कहा कि भीड़ को तितर-बितर करने के लिए पुलिस ने बल प्रयोग किया और दो लोगों को गिरफ्तार किया. उन्होंने कहा,मामला दर्ज किया जा रहा है.

स्थानीय मीडिया ने बताया कि इस घटना में छह पुलिसकर्मी घायल हो गए और कुछ पुलिस वाहन क्षतिग्रस्त हो गए हैं.

Featured Video Of The Day

TMC नेता साकेत गोखले को मिली बेल, गुरुवार को दोबारा हुई थी गिरफ्तारी



Source link

Continue Reading

TRENDING

FIFA World Cup 2022: फुटबॉल विश्व कप में बड़ा उलटफेर, ब्राजील को हराकर सेमीफाइनल में क्रोएशिया

Published

on

By



क्रोएशियाई गोलकीपर डॉमिनिक ने रोड्रिगो और मार्किन्होस के गोल बचाए। नेमार ने पहले हाफ के अतिरिक्त समय में ब्राजील को बढ़त दिलाई थी, लेकिन क्रोएशिया ने ब्रुनो पेतकोविच के गोल से बराबरी हासिल की।



Source link

Continue Reading

TRENDING

पुरानी पेंशन व्यवस्था को अपनाना राज्यों के लिए नासमझी भरा कदम: 15वें वित्त आयोग के चेयरमैन

Published

on

By


नई दिल्ली:

15वें वित्त आयोग के चेयरमैन एनके सिंह ने शुक्रवार को कहा कि बहुत विचार-विमर्श के बाद लागू की गई नई पेंशन योजना को छोड़ना राज्यों के लिये ‘नासमझी’ भरा कदम होगा और यह उन्हें ‘कठिनाइयों और दबाव’ में डाल देगा. भारतीय उद्योग परिसंघ (CII) के कार्यक्रम के दौरान अलग से बातचीत में सिंह ने कहा कि व्यापक विचार-विमर्श के बाद नई पेंशन योजना को अपनाया गया था.

यह भी पढ़ें

कांग्रेस और आप जैसे राजनीतिक दल मतदाताओं से पुरानी पेंशन योजना लागू करने का वादा कर रहे हैं. राजस्थान और छत्तीसगढ़ जैसे कुछ राज्यों में कांग्रेस पहले ही पुरानी पेंशन योजना को बहाल कर चुकी है. वहीं आम आदमी पार्टी (आप) ने पंजाब में पुरानी पेंशन को लागू करने की बात कही है.

कांग्रेस ने हिमाचल प्रदेश के विधानसभा चुनाव में पुरानी पेंशन व्यवस्था लागू करने का वादा किया है. यह पार्टी का बड़ा चुनावी वादा था और कांग्रेस गुरुवार को घोषित नतीजों में बहुमत हासिल करने में सफल रही.

यह पूछे जाने पर कि राज्य पुरानी पेंशन व्यवस्था बहाल कर रहे हैं, सिंह ने कहा, ‘‘नई पेंशन योजना को छोड़ना और पुरानी व्यवस्था को अपनाना नासमझी भरा कदम है.” उन्होंने कहा कि पिछली सरकार के दौरान इस पर बहुत सावधानी के साथ चर्चा हुई थी और पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह इसके पक्ष में थे.

सिंह ने कहा, ‘‘मेरे सहयोगी मोंटेक सिंह अहलूवालिया ने इस विषय पर विस्तार से टिप्पणी की है कि नई पेंशन योजना से पीछे हटना और पुरानी पेंशन योजना को अपनाना राज्य के लिए वित्तीय आपदा होगी. कुछ राज्य जो इसे लागू कर रहे हैं, वास्तव में वे प्रदेश की वित्तीय स्थिति को ‘बड़ी कठिनाइयों और दबाव में’ डाल रहे हैं. नई पेंशन योजना के पीछे ठोस आर्थिक तर्क हैं.”

Featured Video Of The Day

TMC नेता साकेत गोखले को मिली बेल, गुरुवार को दोबारा हुई थी गिरफ्तारी



Source link

Continue Reading